ना आस्था का चक्कर ना भूत का है साया
रूप तेरा तौबा और कमसीन है काया
फिर भी उस रब से क्या मांगती दुआ
इस घंटे से प्यार तुझे कैसे हुआ
बोल बोल बोल
इस घंटे से प्यार तुझे कैसे हुआ || धृ ||
जरा आ जावो गोरी तुझसे नैन मिलाऊ
लेके शोला बदन से तेरे आग जलाऊ
देखते ही तुझको दिल छोडता धुआ || 1 ||
कल तक थी कली कली फूल आज हो गयी
तुझसे प्यार करने की मुझसे भूल हो गयी
ना कब फिगर ये छत्तीस हुआ || 2 ||
देख तुझे राणी , दिल हुआ पाणी पाणी
करती है मुझे घायाल तेरी ये जवानी
दिल को तेरे दिल ने मेरे ऐसे छुआ || 3 ||
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